Gut Health 8 min read

अल्सरेटिव कोलाइटिस (Ulcerative Colitis) में डाइट चार्ट और सही लाइफस्टाइल टिप्स

Managing Ulcerative Colitis (IBD) on an Indian Diet: What to Avoid
Medical Reviewer: Dr. Akhilesh Yadav (DM Gastro)
Updated: September 5, 2026
Medical Disclaimer

This health guide is researched and prepared by Dr. Akhilesh's clinical medical team and reviewed by Dr. Akhilesh Yadav. It is for general educational purposes only and does not constitute expert clinical advice. Always consult a physician for individual diagnostics.

Quick Summary

आंतों के गंभीर घाव और सूजन की बीमारी 'अल्सरेटिव कोलाइटिस' को नियंत्रित करने के लिए आसान भारतीय डाइट चार्ट, ट्रिगर फूड्स और डॉक्टर अखिलेश यादव की सलाह।

अल्सरेटिव कोलाइटिस (Ulcerative Colitis) एक प्रकार की इंफ्लेमेटरी बॉवेल डिजीज (IBD) है, जिसमें बड़ी आंत (Colon) और मलाशय (Rectum) की अंदरूनी परत में लंबे समय तक सूजन और छाले (घाव) हो जाते हैं। इसके कारण मरीज को पेट में मरोड़ के साथ बार-बार खूनी दस्त (blood in stool) की समस्या होती है। यह एक ऑटोइम्यून बीमारी है, जिसे दवाओं के साथ-साथ एक अनुशासित डाइट और लाइफस्टाइल से ही नियंत्रित रखा जा सकता है।

🆚 आईबीएस (IBS) बनाम आईबीडी (IBD) में अंतर

कई लोग IBS (इरिटेबल बॉवेल सिंड्रोम) और IBD (इंफ्लेमेटरी बॉवेल डिजीज) को एक ही समझ लेते हैं, लेकिन ये पूरी तरह अलग हैं। IBS आंतों की केवल संवेदनशीलता की समस्या है जिसमें आंतों को कोई भौतिक नुकसान नहीं होता। वहीं, IBD (जैसे अल्सरेटिव कोलाइटिस) आंतों की संरचनात्मक बीमारी है जिसमें आंतों में घाव और सूजन आ जाती है, जो कि गंभीर है और नियमित डॉक्टरी इलाज मांगती है।

🍲 फ्लेयर-अप (दौरे) के दौरान क्या खाएं? (Soothing Foods)

जब बीमारी एक्टिव हो (दस्त और ब्लीडिंग हो रही हो), तब आंतों को आराम देने के लिए निम्नलिखित सुपाच्य खाद्य पदार्थ लें:

  • सफेद चावल, खिचड़ी और साबूदाना (पचाने में बेहद आसान)
  • पका हुआ केला और उबला हुआ सेब (बिना छिलके के)
  • मूंग दाल का पानी या अच्छी तरह गली हुई पीली मूंग दाल
  • छाछ या पतली दही (यदि लैक्टोज से समस्या न हो तो, यह आंतों को शांत करती है)
  • पर्याप्त ओआरएस (ORS) घोल, नारियल पानी और सादा पानी (शरीर में पानी की कमी रोकने के लिए)

🚫 किन खाद्य पदार्थों से पूरी तरह परहेज करें? (Triggers)

अल्सरेटिव कोलाइटिस के मरीजों को इन ट्रिगर फूड्स से बचना चाहिए क्योंकि ये आंतों में जलन पैदा करते हैं:

  • कच्ची सब्जियां, सलाद और अत्यधिक फाइबर युक्त खाद्य पदार्थ (फ्लेयर-अप के दौरान आंतों को परेशान करते हैं)
  • दूध और डेयरी उत्पाद (कई मरीजों में दूध दस्त और गैस को बढ़ा देता है)
  • लाल मिर्च, गरम मसाले, और तली-भुनी चीजें
  • चाय, कॉफी, कोल्ड ड्रिंक्स और शराब (ये आंतों को उत्तेजित करते हैं)
  • साबुत सूखी दालें (जैसे राजमा, चना) और सूखे मेवे

🔑 महत्वपूर्ण सुझाव (Lifestyle Tips)

दवाओं को कभी भी डॉक्टर से पूछे बिना बंद न करें, भले ही आपके लक्षण पूरी तरह ठीक हो चुके हों (Remission phase)। मानसिक तनाव आंतों की सूजन को बढ़ाता है, इसलिए योग, ध्यान और गहरी सांस लेने वाले व्यायाम करें। हर मरीज के ट्रिगर फूड्स अलग हो सकते हैं, इसलिए एक फूड डायरी बनाएं और ध्यान रखें कि किस खाद्य पदार्थ को खाने से आपकी तकलीफ बढ़ती है।

Ulcerative ColitisIBDGut HealthDietHindi

Share this Medical Guide

यह जानकारी किसी की मदद कर सकती है।

Share on WhatsApp
CallWhatsAppAppointment